अध्यात्मखबरमध्य प्रदेश
प्रभु को 18 फीट ऊंचे रस्सी से बने झूले में विराजमान किया गया


भोपाल 18 अगस्त।आज प्रभु श्रीनाथजी को रूपाली जारी के वस्त्र के साथ सिर मोर मुकुट एवं सोने के आभूषणों से श्रृंगार किया गया संध्या काल में प्रभु को 18 फीट ऊंचे रस्सी से बने झूले में विराजमान किया गया इसको मचकी का झूला भी कहते हैं।इसे पेड़ों के मध्य रस्सी से बनाया जाता है।
कपड़े एवं पुष्पों से निर्मित इस झूले में प्रभु को विराजमान कर यह कीर्तन गया “छबील गोपाल झूले छबील हिंडोलना”
19 अगस्त को राखी का उत्सव मनाया जाएगा जिसमें प्रातः काल भद्र होने के कारण प्रभु को संध्या काल 5:00 बजे शुभ मुहूर्त अनुसार राखी बांधी जाएगी।उसके बाद प्रभु कांच के झूले में विराजमान होंगे।23 अगस्त को प्रभु इस वर्ष अंतिम बार झूले में विराजमान होंगे।तब तक रोज झूले का उत्सव मनाया जाएगा।
मुखिया श्रीकांत शर्मा
श्रीजी का मंदिर लखेरा पुरा भोपाल



