
बिहार की राजनीति में ऐसा पहले कभी नहीं हुआ। लोक सभा चुनाव में निर्दलीय रहे पप्पू यादव बिहार विधान सभा चुनाव के दौरान भी कांग्रेसी नहीं बन सके थे। लेकिन शुक्रवार की देर रात से अब तक जो बिहार की राजनीति में जो कुछ भी हुआ, उसने पप्पू यादव को ठेठ कांग्रेसी बना दिया। कांग्रेस के नेताओं ने एक एक कर के उनके प्रति समर्थन जता दिया। ये अलग बात है कि राष्ट्रीय जनता दल की तरफ से उनको ऐसा कुछ नहीं मिला लेकिन कांग्रेस पार्टी में पहले लोक सभा के विपक्ष के नेता राहुल गांधी, फिर बिहार के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने सोशल मीडिया पर उनका जोरदार समर्थन किया।
बीती देर रात पटना पुलिस पप्पू यादव के घर पर पहुंची थी। पुलिस जबरन उनको ले जाने लगी तब पप्पू यादव ने पुलिस का विरोध किया और फिर जमकर हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ। पुलिस नहीं मानी और फिर पटना पुलिस ने पप्पू यादव को गिरफ्तार कर लिया। इस बीच वह बेहोश होकर गिर गए, जिस वजह से उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया। शनिवार को पीएमसीच से लेकर बेउर और फिर बेउर से पीएमसीएच तक की मैराथन दौड़ हुई। पुलिस चाह रही थी कि उन्हें बेउर ले जाया जा सके, जबकि पप्पू यादव के समर्थक पीएमसीएच में इलाज कराना चाह रहे थे। पीएमसीच से बेउर भेजे जाने के बाद फिलहाल वह वापस पीएमसीएच में भर्ती हैं, जहां उनका इलाज चल रहा है। इस बीच सोशल मीडिया पर कांग्रेस के नेता भी राजनीतिक खेल खेल रहे हैं।
पप्पू यादव की गिरफ्तारी के प्रकरण में राहुल गांधी पप्पू यादव के समर्थन में उतर आए। उन्होंने पप्पू यादव की गिरफ्तारी का विरोध किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि पटना में नीट की छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत और उसके बाद की पूरी कार्रवाई ने एक बार फिर सिस्टम की गहरी सड़ांध को उजागर कर दिया है। पीड़ित परिवार ने जब निष्पक्ष जाँच और न्याय की माँग की, तो वही पुराना भाजपा-एनडीए मॉडल सामने आ गया – केस को भटकाओ, परिजनों को प्रताड़ित करो और अपराधियों को सत्ता का संरक्षण दो।
राहुल गांधी ने आगे लिखा है, “इस बेटी के लिए न्याय की आवाज़ बनकर साथी सांसद पप्पू यादव जी मजबूती से खड़े हुए। आज उनकी गिरफ़्तारी साफ़ तौर पर राजनीतिक प्रतिशोध है ताकि जवाबदेही माँगने वाली हर आवाज़ को डराया और दबाया जा सके। सबसे चिंताजनक तथ्य यह है कि यह घटना किसी एक मामले तक सीमित नहीं दिखती। यह एक भयावह साज़िश और खतरनाक पैटर्न की ओर इशारा करती है, जहाँ और भी बेटियाँ शिकार बन रही हैं और सत्ता इस खौफ़नाक सच्चाई से आँखें मूँद कर बैठी है। यह राजनीति नहीं, इंसाफ़ का सवाल है। यह बिहार की बेटी की इज़्ज़त और सुरक्षा का सवाल है।वहीं कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने सोशल मीडिया पर राहुल गांधी के द्वारा किए गए पोस्ट के साथ लिखा है कि, “बिहार की NEET छात्रा के लिए न्याय की आवाज़ बनकर साथी सांसद पप्पू यादव जी मजबूती से खड़े हुए। आज उनकी गिरफ़्तारी साफ़ तौर पर राजनीतिक प्रतिशोध है ताकि जवाबदेही माँगने वाली हर आवाज़ को डराया और दबाया जा सके।”