क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान भोपाल की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई का सात दिवसीय विशेष आवासीय शिविर चंदूखेड़ी गांव में चल रहा है।
इस शिविर में स्वयंसेवकों द्वारा चंदूखेड़ी और आस पास कें गांवों में स्वच्छता, नशामुक्ति और साक्षारता जागरुकता अभियान में बढ़चढ़कर हिस्सा ले रहें है। संस्थान के एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी डाॅ.त्रिलोकी प्रसाद के नेतृत्व में चल रहे इस विशेष शिविर में छात्र-छात्राओं द्वारा नुक्कड़ नाटक, लोकगीतों और चौपाल लगाकर स्वयंसेवकों द्वारा ग्राम वासियों को जल संरक्षण, बालिका शिक्षा के महत्व व दहेज प्रथा, स्वास्थ्य व स्वच्छता के प्रति जागरुक किया जा रहा है।


आज स्वंयसेवकों ने प्रातः डाॅ.मुकेश कुमार के निर्देशन में प्रभात फेरी निकालकर गांव की मुख्य गलियों में जल संरक्षण, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण से संबंधित नारे और प्रेरणादायक गीत प्रस्तुत किए। इस दौरान “जल होगा तो कल होगा”, “पानी बचाओ, जीवन बचाओ” जैसे संदेशों के माध्यम से ग्रामीणों को जल के महत्व के बारे में जागरूक किया गया। शिविर में गणित व विज्ञान शिक्षा विभाग के अध्यक्ष प्रोफेसर अश्वनी कुमार गर्ग ने पहुंचकर स्वयंसेवकों का मार्गदर्शन किया।
इसके पश्चात स्वयंसेवकों ने माध्यमिक विद्यालय परिसर में श्रमदान कर स्वच्छता अभियान चलाया। विद्यालय परिसर की सफाई कर स्वच्छ वातावरण बनाए रखने का संदेश दिया गया तथा विद्यार्थियों और ग्रामीणों को नियमित स्वच्छता बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम के अंतर्गत स्वयंसेवकों द्वारा गांव में फील्ड सर्वे भी किया गया। सर्वे के दौरान ग्रामीणों को सामाजिक शिक्षा, स्वच्छ जीवनशैली तथा विशेष रूप से महिला स्वास्थ्य और स्वच्छता (Women’s Health and Hygiene) के बारे में जानकारी दी गई। महिलाओं को व्यक्तिगत स्वच्छता, पोषण और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक सावधानियों के प्रति जागरूक किया गया। व्यक्तिगत रूप से
ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए ऐसे कार्यक्रमों के निरंतर आयोजन की आवश्यकता बताई। एनएसएस स्वयंसेवकों ने भविष्य में भी समाज सेवा और जनजागरूकता के लिए सक्रिय रहने का संकल्प लिया।
शिविर में डाॅ.शिवालिका सरकार ने स्वयंसेवकों को व्यावहारिक शिष्टाचार की जानकारी दी।


