खबरमध्य प्रदेश

चित्रकूट धार्मिक स्थल के साथ ही नवाचारों का केन्द्र-राजेन्द्र शुक्ल उप मुख्यमंत्री ने किया सदगुरू आई केयर एजुकेशन एकेडमी का शुभारंभ

भोपाल 27 जून 2026/प्रदेश के उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि चित्रकूट पवित्र धार्मिक स्थल के साथ ही ग्राम्य विकास, चिकित्सा सहित अनेक क्षेत्र के नवाचारों का भी केन्द्र रहा है। उन्होंने कहा कि सद्गुरू नेत्र चिकित्सालय के उपकरण और संसाधन इसे नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में विश्व स्तरीय संस्थान के समकक्ष लाने में कोई कसर नहीं छोड रहे। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल शनिवार को सतना जिले के चित्रकूट में सदगुरू सेवा संघ नेत्र चिकित्सालय में स्टैण्डर्ड चार्टेड आई केयर एजूकेशन एकेडमी का शुभारंभ कर रहे थे। इस मौके पर विधायक सुरेन्द्र सिंह गहरवार, डीआरआई के सगठन सचिव अभय महाजन, बालेन्द्र गौतम, सस्टेनिबिलिटी हेल्थ की हेड सुश्री करूणा भाटिया, श्रीमती ऊषा जैन, डॉ. इलेश जैन, सेवा निवृत्त केन्द्रीय सचिव राजीव नयन चौबे, सुपरिन्टेन्डेन्ट डॉ. आलोक सेन भी उपस्थित थे।
उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि विकसित भारत 2047 का विजन सबके सामने है। विकसित भारत के विजन को मूर्तरूप देने ग्रामीण क्षेत्रों में फेसिलिटी पहुंचाने का कार्य चित्रकूट की सदगुरू और डी.आर.आई. दोनों ही संस्थायें कर रही है। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत सरकार और राज्य सरकारें देश में वर्ल्ड क्लास इन्फ्रा उपलब्ध कराने की दिशा में अग्रसर है। विकसित भारत के विजन को पूरा करने शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार तीनों क्षेत्रों में काम करने की जरूरत है। जल जीवन मिशन के तहत शुद्ध पेयजल हर घर तक पहुंचानें की महत्वाकांक्षी योजना पूरे देश में क्रियान्वित हो रही है। बीमारियों का सबसे बडा कारण प्रदूषित जल है। जल जीवन मिशन के क्रियान्वयन से बीमारियों की संख्या आधी रह जायेगी। उप मुख्यमंत्री ने सस्टेनबिलिटी हेल्थ की सराहना करते हुए कहा कि आई केयर एजूकेशन एकेडमी के माध्यम से तीन वर्षाे में 20 हजार युवाओं को आई केयर का प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगार से जोडा जायेगा। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने एकेडमी के सलाहकार प्रोफेसर जीवीएस मूर्ति, प्रो.बीआर समनना, श्री बालसुब्रहमणयम का शाल श्रीफल से सम्मान किया।
सदगुरू आई केयर एजुकेशन एकेडमी की प्रमुख सुश्री करूणा भाटिया ने कहा कि भारत देश में पिछले 20 वर्षाे से संस्थान आई केयर के क्षेत्र में कार्य कर रहा है। पूरे देश में कुल 654 विजन सेंटर कार्यरत है। जहां प्रशिक्षित युवाओं को रोजगार मिलेगा। उन्होंने बताया कि सदगुरू सेवा संघ चित्रकूट में यह देश की 6वीं एकेडमी है। सदगुरू संघ के ट्रस्टी डॉ. इलेश जैन ने कहा कि चित्रकूट में पिछले 5 दशकों से नेत्र रोगियों की सेवा का कार्य अनवरत जारी है। चित्रकूट में आई केयर की यह पहली ग्रामीण एकेडमी केवल प्रशिक्षण संस्था नहीं, बल्कि आई केयर के क्षेत्र में चिकित्सा परिवर्तन का केन्द्र बनेगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button