आयुष मलिक की सनातन धर्म में वापसी: पूजा करते हुए जारी किया वीडियो, जानें क्या बोले आयुष और उसके पिता
शामली के दवा कारोबारी देवराज मलिक के पुत्र आयुष मलिक ने इस्लाम धर्म को त्यागकर पुनः सनातन धर्म में वापसी कर ली है। इस घटना ने स्थानीय समुदाय में काफी चर्चा बटोरी है। आयुष के पूजा-अर्चना करते हुए एक वीडियो के वायरल होने के बाद, उनके पिता देवराज मलिक ने पुत्र की घर वापसी की पुष्टि की और ईश्वर के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की है।वायरल वीडियो में आयुष मलिक ने कहा कि मैंने अपने माता-पिता की भावनाओं और उनके प्रेम का सम्मान करते हुए वापस हिंदू धर्म अपना लिया है। ये काम मैंने अपने दिल से किया है।
देवराज मलिक ने अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि उनके पुत्र के पुनः अपने सनातन संस्कारों से जुड़ने पर वे ईश्वर के प्रति आभारी हैं। उन्होंने सनातन धर्म को केवल एक धर्म नहीं, बल्कि जीवन जीने की एक शाश्वत संस्कृति बताया। मलिक के अनुसार, ईश्वर की कृपा, माता-पिता के स्नेह और पूर्वजों के संस्कारों के आशीर्वाद से आयुष ने पुनः सनातन वैदिक परंपराओं को अपनाते हुए पूजा-अर्चना, जप और धार्मिक आचरण का मार्ग चुना है। उन्होंने सनातन धर्म की महान परंपराओं, संस्कृति, संस्कारों और आध्यात्मिक मूल्यों पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपनी आस्था के अनुसार जीवन जीने और अपने धर्म का पालन करने की पूर्ण स्वतंत्रता और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने सभी शुभचिंतकों के सहयोग के लिए धन्यवाद भी ज्ञापित किया।धर्मांतरण का आरोप और पुलिसिया कार्रवाई
यह मामला तब प्रकाश में आया जब शहर के दवा कारोबारी देवराज मलिक के इकलौते पुत्र आयुष मलिक ने इस्लाम धर्म अपनाकर अपना नाम मोहम्मद अली रख लिया था। पिता ने इस धर्मांतरण को जबरन बताते हुए पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसके बाद पुलिस सक्रिय हुई। शहर कोतवाली में तीन मौलानाओं सहित 11 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। आरोप था कि इन लोगों ने आयुष को प्रेम जाल में फंसाकर उनकी संपत्ति हड़पने की कोशिश की। इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आयुष को प्रेमजाल में फंसाने की आरोपी युवती चांदनी कुरैशी और उसके पिता इस्लाम कुरैशी को गिरफ्तार कर लिया था।सामुदायिक प्रतिक्रिया और स्वागत
इस बीच, स्वामी यशवीर महाराज ने आयुष मलिक की सनातन धर्म में वापसी पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा है कि पूरा हिंदू समाज उनका हृदय से स्वागत करता है। उनकी इस वापसी को एक महत्वपूर्ण आध्यात्मिक घटना बताया जा रहा है, जिसके सकारात्मक परिणाम देखने की उम्मीद है। आयुष मलिक की अपने मूल धर्म में वापसी ने परिवार और समुदाय के लोगों में उत्साह का माहौल पैदा किया है।



