भोपाल से तैयार कर प्रयागराज भेजे जायेंगे अमृत कलश


भोपाल । सेवा संकल्प युवा संगठन के द्वारा प्रयागराज महाकुंभ के लिए भोपाल से 7 अमृत कलश तैयार कर प्रयागराज में अखाड़ों को भेंट किये जायेंगे। जिसकी तैयारी अंतिम दौर में है संगठन के अध्यक्ष प्रकाश मालवीय ने बताया की यह अमृत कलश संगठन के युवाओं ने खुद तैयार किये है जिसमें स्टील के कलश पात्र पर जरी के उपर कुंदन के नगों से भगवा रंग की लेस से तैयार किया गया है। इस अमृत रूपी कलश को बनाने के लिए कलश के अभिषेक के बाद इसमें गऊशाला तथा तीर्थस्थल की मिट्टी, गंगाजल, पंचरत्न, दुर्बा, सुपारी, हल्दी, अनाज, आम का पत्ते और श्रीफल रखा जायेगा, इन कलशों को पुरोहित से पूजन कर दो दिवस के लिए मंदिर में रखा जायेगा यह सात अमृत कलश प्रयागराज कुंभ में सन्यासियों के 4 अखाड़ों को बैरागियों के 2 अखाड़ों को और 1 उदासीन अखाड़ों के मुखिया आचार्य महामंडलेश्वरों को संगठन के युवाओं द्वारा भोपाल की ओर से भेट किये जायेगें । जिसमें जूना अखाड़ा, निरंजनी अखाड़ा, महानिर्वाणी अखाड़ा, दिगंबर अखाड़ा, निर्मोही अखाडा, निर्वाणी अखाड़ा,पंचायती बड़ा उदासीन अखाड़ा शामिल है।
*महाकुंभ में कलश और अखाड़ों का महत्व*
महाकुंभ में कलश और संतो के अखाड़ों का महत्व है सभी अखाड़े अलग अलग ध्वज और देवता कुंभ में आते है 144 साल में लगने वाला यह कुंभ सनातनियो के लिए बड़ा ही महत्वपूर्ण है कलश और संतो के दर्शन मात्र से ही जीवन एक निरंतर यात्रा है जो अंतत: मोक्ष की ओर ले जाती है जिससे वे अपने जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते, इन कलशों को संगठन के यश जैन, सुमित मालवीय, अंकित शर्मा, कुलदीप सोंदिया, पवन मालवीय आदि तैयार कर रहे है



