एनआईटीटीटीआर भोपाल में शोध और नवाचार के लिए नई कार्य संस्कृति


एनआईटीटीटीआर भोपाल के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की प्रयोगशालाएं और पुस्तकालय अब शोध छात्रों, फैकल्टी सदस्यों, और प्रोजेक्ट पर कार्य करने वाले लोगों के लिए सामान्य अवकाश और शनिवार-रविवार को खुले रहेंगे। संस्थान के निदेशक प्रो. सी.सी त्रिपाठी ने रिसर्च एवं डेवलपमेंट की नई कार्य संस्कृति के विकास पर बल देते हुए कहा कि संस्थान के संसाधनों का उपयोग शोध एवं नवाचार के लिए छात्र हित मे व्यापक रूप से होना चाहिए। संस्थान का उद्देश्य न केवल उच्च गुणवत्ता वाले तकनीकी शिक्षा प्रदान करना है, बल्कि एक ऐसा वातावरण तैयार करना है जहाँ शोध और नवाचार की दिशा में अनगिनत अवसर हों। डीन कॉर्पोरेट एंड इंटरनेशनल रिलेशन्स प्रो. पी.के पुरोहित ने बताया कि निटर की सेंट्रल लाइब्रेरी में शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों के लिए 30 इंटरनेशनल ऑनलाइन डाटाबेस के माध्यम से 15,000 ऑनलाइन जर्नल्स का एक्सेस किया जा सकता है। लगभग 2000 ई-बुक्स, 50 से अधिक मैगज़ीन पुस्तकालय में उपलब्ध हैं। इसके अतिरिक्त, लगभग 2,000 ई-बुक्स, 50 से अधिक मैगज़ीन और इंजीनियरिंग एजुकेशन से संबंधित एक समृद्ध कलेक्शन उपलब्ध है। पुस्तकालय में लगभग 50,000 प्रिंटेड बुक्स हैं, जिनमें से 10,000 पुस्तकें हिंदी साहित्य पर आधारित हैं। पुस्तकालय में जल्द ही भारतीय ज्ञान परंपरा पर भी एक नया कलेक्शन जोड़ा गया है। संस्थान में शोधार्थियों हेतु इंडस्ट्री 4.0 के अनुसार 11 हाइटेक लैब्स उपलब्ध है। इन लैब्स की सुविधाएं आवश्यकतानुसार शैक्षणिक संस्थानों एवं इंडस्ट्रीज के लिए भी उपलब्ध है। एनआईटीटीटीआर भोपाल लेटेस्ट टेक्नोलॉजी और भविष्य की जरूरतों के अनुसार स्किल-बेस्ड 12 डिप्लोमा प्रोग्राम्स की शुरुआत करने जा रहा है।



