डाॅ. आंबेडकर जी ने विश्व मे इस देश का मान बढाया – मुख्यमंत्री
बाबासाहेब आंबेडकर की तीन दिवसीय जयंती समारोह का मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किया उद्घाटन


डाॅ. बाबासाहेब आंबेडकर संयुक्त जयंती समारोह समिति के तत्वावधान में भोपाल के तुलसी नगर में स्थित डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर जयंती मैदान में आयोजित डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर जी की 135 वीं जयंती के अवसर पर 12 अप्रैल से 14 अप्रेल तक लगातार तीन दिन तक चलने वाले समारोह का आज 12अप्रैल को रात्रि 8.00 बजे प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव व्दारा उद्घाटन किया गया। संयुक्त जयंती समारोह के अध्यक्ष मान रामू गजभिये की अध्यक्षता मे आयोजित इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि दक्षिण-पश्चिम क्षेत्र के विधायक भगवानदास सबनानी, प्रमुख अतिथि बी टी गजभिये, राष्ट्रीय सचिव बीएसआई, डाॅ मोहनलाल पाटिल राष्ट्रीय महासचिव आरपीआई (आंबेडकर), ईजी. धम्मरतन सोमकुंवर राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष बीएसआई, बुध्देश वैध आईएएस वरिष्ठ समाज सेवी, यू जी चवरे प्रदेश संरक्षक एस एस डी, विजय कुमार सर वरिष्ठ समाज सेवी, गौतम पाटिल अजाक्स महासचिव, तथा चिंतामन पगारे प्रदेश महासचिव बीएसआई प्रमुख रुप से उपस्थित थे। सर्वप्रथम मान अतिथियो व्दारा तथागत गौतम बुद्ध एवं डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर जी की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर पुष्प अर्पित किए गए। इस अवसर पर संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री मोहनलाल यादव ने कहा कि डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर इस देश के लिए जो-जो कार्य किये वह विश्व विख्यात है। उनकी दूरदर्शी सोच के साथ की गई कार्य प्रणाली सटीक साबित हुई है। उन्होंने देश की सभी जनता चाहे वह अमीर हो या गरीब सभी के हितो क ध्यान रखा है और तद्नुसार कार्य को अंजाम दिया। गरीब को उनका हक मिले, दलित-शोषितों को उचित न्याय मिले, इस पर उन्होने अपना संपूर्ण जीवन न्योछावर कर दिया। इस अवसर पर बोलते हुये भगवानदास सबनानी, विधायक भगवानदास सबनानी कहा कि डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर वो शख्स है, जिनको आज हर व्यक्ति मान सम्मान देता है। डाॅ आंबेडकर ने शोषित, पीड़ितो का जीवन स्तर उठाने तथा उन्हे सम्मान का जीवन जीने का अधिकार दिलाया, महिलाओ के संरक्षण के लिए कानून मे प्रावधान कराये, मजदूरों के लिये कार्य की अवधि निर्धारित कराई, देश मे आगे भविष्य में आनेवाली संकटों से बचने के लिए तद्नुसार कार्य किये, जो आज भी एक मिसाल है। मंच पर उपस्थित सभी अतिथियो ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर के जीवन पर विस्तृत रूप से प्रकाश डाला तथा उन्हे गरीबों का मसीहा बताया। उनके अविस्मरणीय कार्य एवं बुध्दिमत्ता के आधार पर ही उन्हे सिम्बल ऑफ नालेज अर्थात ज्ञान का प्रतीक के खिताब से नवाजा गया और आज उनकी जयंती विश्व के कई देशो के महाविद्यालयों मे पर्व के रुप मे बडे उत्साह के साथ मनाई जाती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे मान रामू गजभिये ने अपना वक्तव्य देते हुए बताया विगत 20 वर्षो से इसी स्थान पर डाॅ बाबासाहेब आंबेडकर की तीन दिवसीय जयंती बडे हर्षोल्लास साथ मनाते हुए आ रहे है, ताकि इस महापुरुष की जीवन गाथा से हर व्यक्ति रुबरु होकर उनके उनके मार्ग पर चल सके। अतिथियों के संबोधन पश्चात स्वरा दीदी तामगाडगे नागपुर तथा देवानंद जगताप अकोला महाराष्ट्र के बीच बुध्द- भीम गीतों पर आधारित कव्वाली के मुकाबले ने देर रात तक समा बांधा, जिसका भारी संख्या में उपस्थित श्रोताओ ने भरपूर आनंद उठाया।
कल 13 तारिख को दूसरे दिन इसी स्थान पर समाज की प्रबुद्ध महिलाओ व्दारा इस मंच का संचालन और आयोजन किया जायेगा। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रुप में मालती राय, महापौर, नगर निगम भोपाल उपस्थित रहेगी। इस अवसर पर बच्चो व्दारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी जायेगी.



