ट्रेन से सफर करने वाले करोड़ों यात्रियों के लिए भारतीय रेलवे की तरफ से एक बहुत बड़ा डिजिटल अपडेट सामने आया है। आईआरसीटीसी (IRCTC) की नई और हाईटेक वेबसाइट का नया वर्जन अब पूरी तरह लाइव हो चुका है, जिसके बाद से ऑनलाइन टिकट बुकिंग की प्रक्रिया पहले के मुकाबले काफी ज्यादा स्मूथ (आसान) और तेज हो गई है।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और छात्रों के बीच हुई विशेष बातचीत के बाद तैयार किए गए इस नए पोर्टल का मुख्य उद्देश्य यात्रियों के टिकट बुक करने के अनुभव को पूरी तरह बदलना है। बता दें कि नई वेबसाइट पर बुकिंग प्रक्रिया पुराने के तुलना में काफी आसान है, जो बहुत जल्दी से बुक हो रही है। साथ ही पूरी बुकिंग प्रक्रिया में कोई कैप्चा का झंझट नहीं है। आइए इस लेख में समझते हैं कि लाइव हो चुकी इस वेबसाइट में आम लोगों को क्या-क्या बड़े फायदे मिल रहे हैं।वेबसाइट पर लॉगइन और टिकट बुकिंग का तरीका
यात्री अब सीधे आधिकारिक लिंक (https://www.irctc.co.in/eticket/) पर जाकर इस नए और आधुनिक डिजिटल रूप का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके साथ ही, पुरानी वेबसाइट के होमपेज पर भी इस नए वर्जन पर जाने का सीधा विकल्प दे दिया गया है, जहां यात्री टिकट बुक करने के साथ-साथ नए फीचर्स को लेकर अपनी राय और फीडबैक भी दर्ज करा पाएंगे।छात्रों के अनूठे सुझावों से मिली फालतू विज्ञापनों से मुक्ति
वर्ष 2002 में पहली बार शुरू हुई आईआरसीटीसी वेबसाइट पर आज रोजाना औसतन 14.5 लाख से अधिक टिकट बुक होते हैं। इस भारी लोड को संभालने के लिए मलयीव राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (MNIT) के छात्रों के सुझावों पर पूरे डिजाइन को बदला गया है। नए अपडेट के बाद अब टिकट बुक करते समय यात्रियों को स्क्रीन पर दिखने वाले फालतू विज्ञापनों और चमकती हुई ग्राफिक्स से पूरी तरह मुक्ति मिल गई है।
बुकिंग को आसान बनाने के लिए इन 4 मुख्य बातों पर दिया गया ध्यान
- नो अननेसेसरी कैप्चा- अब बिना वजह के कैप्चा कोड और परेशान करने वाले पॉप-अप विंडोज को पूरी तरह हटा दिया गया है, जिससे ध्यान नहीं भटकेगा।
- सीट उपलब्धता- ट्रेन में सीटें खाली हैं या नहीं, यह अब सभी क्लास (स्लीपर, थर्ड एसी, सेकंड एसी आदि) के लिए एक साथ स्क्रीन पर दिखाई देगा।
- फास्टर चेकआउट- टिकट बुक करने और पैसे चुकाने (पेमेंट) के चरणों को काफी कम कर दिया गया है, जिससे बुकिंग सुपरफास्ट हो गई है।
- ईजी रिपीट बुकिंग- एक बार यात्रियों की जानकारी भरने के बाद वह सिस्टम में सुरक्षित (सेव) हो जाएगी, जिससे दोबारा टिकट बुक करना बच्चों का खेल होगा।
नया रिजर्वेशन इंजन भी जल्द होगा शामिल
अभी इस अपडेटेड वेबसाइट को शुरुआती अनुभव और फीडबैक के लिए लाइव किया गया है ताकि यात्रियों के सुझावों के आधार पर इसमें आगे और सुधार किए जा सकें। रेलवे प्रशासन इसके बैकएंड में चलने वाले दशकों पुराने पैसेंजर रिजर्वेशन इंजन को भी पूरी तरह अपग्रेड कर रहा है, जिसके पूरा होते ही आने वाले कुछ ही हफ्तों में इस पूरे पोर्टल का अंतिम और फुल फंक्शनल वर्जन सभी के लिए उपलब्ध करा दिया जाएगा।