भारतीय साहित्य एवं कला परिषद का विशेष वार्षिक आयोजन संपन्न

भोपाल 01 नवंबर। भारतीय साहित्य एवं कला परिषद साहित्यिक संस्था अपने पिता स्व. बाबूलाल सोनी एवं माता स्व. लीला देवी सोनी की स्मृति में संस्था अध्यक्ष बिहारीलाल सोनी अनुज द्वारा अपने आवास पर 37वाँ विशेष वार्षिक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस वृहत कार्यक्रम को दो सत्रों में आयोजित किया गया।
प्रथम सत्र की अध्यक्षता बैंकर्स साहित्य एवं कला परिषद के अध्यक्ष, वरिष्ठ साहित्यकार गोकुल सोनी ने की एवं मुख्य अतिथि के रूप में रामायण शोध केंद्र के निदेशक एवं तीर्थ एवं मेला विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ राजेश श्रीवास्तव मंचासीन रहे। सफल एवं सरस संचालन वरिष्ठ गीतकार विमल भंडारी ने किया। द्वितीय सत्र की अध्यक्षता हिन्दी भवन के उप मंत्री संचालक डॉ संजय सक्सेना ने किया, मुख्य अतिथि के रूप में मनासा से पधारे वरिष्ठ कवि भेरूंलाल सुनार मंचासीन रहे। काव्याममय सुंदर संचालन कवि सत्यदेव सोनी ‘सत्य’ ने किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रतिभा द्विवेदी द्वारा प्रस्तुत सरस्वती वंदना एवं बिहारीलाल सोनी के स्वागत उद्बोधन से हुआ।
अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में सोनी ने कहा कि आज के पारिवारिक विखंडन के दौर में ऐसे लोग प्रणम्य हैं जो अपने माता पिता की स्मृति को सुंदर आयोजनों के माध्यम से सदा जीवित रखते हैं। डॉ राजेश श्रीवास्तव ने ऐसे आयोजनों से प्रेरणा लेने की आवश्यकता निरूपित की।
कालापीपल से पधारे कवि राकेश कुमार सोनी बिंदास सुखनबरों की सोहबत में निखर रहा हूं” प्रस्तुत की, विदिशा से पधारे कवि अरूण कुमार सोनी ने सुंदर गजल पढ़ी, अनिशा जैन, डॉ अमित मालवीय हर्ष, कमलेश नूर, दिनेश गुप्ता मकरंद, उमेश तिवारी आरोही, अशोक गौतम घायल, राममोहन चौकसे, रामकुमार सोनी राही, अशोक निर्मल, हरिओम श्रीवास्तव, महेश अग्रवाल, किशन तिवारी, सत्यदेव सोनी, डॉ प्रमोद सक्सेना पुष्कर, प्रदीप मोहबे, शिवकुमार दीवान, चंद्रभान सिंह पवार चंदर,आदि कवियों ने अपनी कविताओं से सबका मन मोह लिया। कार्यक्रम के मध्य में लाफ्टर चैलेंज फेम ओ पी द्विवेदी ने अपनी हास्य व्यंग्य क्षणिकाएं और मिमिक्री से सभी को हँसाया।
दूसरे दौर में तुलसी साहित्य अकादमी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ मोहन तिवारी आनंद, सुरेश पटवा, डॉ. राजेश तिवारी, अशोक धमैनिया, वी के श्रीवास्तव, श्रीराम माहेश्वरी, होशियार सिंह पटेल, हरिओम श्रीवास्तव, कविता सिरोले, अशोक व्यास, उमेश तिवारी, सुषमा अनिल श्रीवास्तव, प्रतिभा द्विवेदी, प्रमिला झरबडे, क्षमा निमौरे, रामकिशोर श्रीवास्तव रवि, डॉ रमेश भूमरकर, प्रवीण शर्मा, भंवरलाल श्रीवास, कैलाश श्रीवास्तव आदमी, चन्द्रहास शुक्ल, डॉ. अशोक व्यास, और अन्य कवियों ने अपनी रचनाओं से सभी का मन मोह लिया। कार्यक्रम में शहर और बाहर से पधारे अनेक साहित्य प्रेमियों एवं परिवार जनों ने अपनी उपस्थिति दी। अंत में राममोहन चौकसे पत्रकार ने सभी का आभार व्यक्त किया।




