रीजनल इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन (RIE), भोपाल द्वारा ग्राम चंदूखेड़ी में आयोजित हो रहे सात दिवसीय विशेष एनएसएस शिविर के अंतिम पड़ाव पर आज स्वयंसेवकों ने अनेक साहसिक और प्रेरणादायक गतिविधियों में भाग लिया।


स्वयंसेवकों ने भोपाल स्थित सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) अकादमी का भ्रमण कर अस्त्र-शस्त्रों का अवलोकन किया। डीआईजी उपेंद्र रावत के मार्गदर्शन में अधिकारियों ने छात्रों को अकादमी की कार्यप्रणाली से अवगत कराया। स्वयंसेवकों ने यहाँ ‘हॉर्स यूनिट’ (अश्व इकाई) को करीब से देखा और उनके प्रशिक्षण की बारीकियों को समझा। इसके साथ ही, अधिकारियों द्वारा आधुनिक हथियारों के महत्व पर विशेष प्रस्तुतीकरण दिया जिसे देखकर युवाओं का उत्साह व कौतुहल बढ़ गया।
सांस्कृतिक संध्या में दिखा राष्ट्रीय एकता का संदेश
शाम को शिविर स्थल पर एक भव्य और उल्लासपूर्ण सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें भारत की विभिन्न प्रान्तों के लोक नृत्य व गायन को प्रदर्शित किया गया ।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में आरआईई भोपाल के प्राचार्य प्रो. शिव कुमार गुप्ता अपनी धर्मपत्नी डाॅ.पूनम गुप्ता के साथ उपस्थित रहे। उनके साथ विभागाध्यक्ष विस्तार शिक्षा प्रो. रत्नमाला आर्या, एमआईसी सदस्य राजेश हिंगोराने, सिंधी साहित्य अकादमी के निदेशक डॉ. कमल चंदानी, चंदूखेड़ी ग्राम के सरपंच श्री राम जीवन मीणा और सचिव ओमप्रकाश शर्मा ने गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम का सफल संचालन कार्यक्रम अधिकारी डॉ. शिवालिका सरकार और डॉ. त्रिलोकी प्रसाद द्वारा किया गया। इस अवसर पर डॉ. पवन, डॉ. प्रद्युम्न सिंह , सुश्री समीक्षा बेरिया और अन्य संकाय सदस्य भी मौजूद रहे। अतिथियों ने स्वयंसेवकों के अनुशासन और ऊर्जा की सराहना करते हुए उन्हें समाज सेवा के लिए प्रेरित किया।


