
महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (एफडीए) के कमिश्नर तुकाराम मुंडे ने साफ कर दिया है कि सेलिब्रिटी होने के नाते शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को ‘विमल इलायची’ के विज्ञापन से जुड़े मामले में कार्रवाई से छूट नहीं मिलेगी। महाराष्ट्र एफडीए ने इन तीनों कलाकारों को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। उन पर आरोप है कि यह कैंपेन असल में ‘विमल पान मसाला’ का सरोगेट विज्ञापन था, जो राज्य में प्रतिबंधित है।
एक अभिनेता के खिलाफ शुरू हुई कानूनी कार्रवाई
मुंडे ने बताया कि एफडीए ने उन कलाकारों में से एक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है, जिसने तय समय के अंदर नोटिस का जवाब नहीं दिया। एनडीटीवी से बातचीत में मुंडे ने कहा, ‘हो सकता है कि वे आपके लिए स्टार हों लेकिन मेरे लिए इस मामले में वे सिर्फ विज्ञापन करने वाले हैं। इसलिए मैं उन्हें कानून तोड़ने वाले के तौर पर देख रहा हूं और कानून अपना काम करेगा। इसीलिए हमने कार्रवाई शुरू की है।
दिल्ली हाई ने खारिज की थी याचिका
- कानूनी कार्यवाही में 14 सितंबर को एक नया मोड़ आया, जब दिल्ली हाई कोर्ट ने विमल इलायची की मास्टर लाइसेंसधारी कंपनी पीबी आग्रो एलएलपी की याचिका खारिज कर दी।
- कंपनी ने शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को जारी किए गए नोटिस को रद्द करने की मांग को लेकर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।
- जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने कहा कि दिल्ली हाई कोर्ट के पास इस मामले की सुनवाई का अधिकार क्षेत्र (टेरिटोरियल ज्यूरिस्डिक्शन) नहीं है, क्योंकि नोटिस मुंबई में महाराष्ट्र एफडीए की तरफ से जारी किए गए थे।


