

वॉशिंगटन: ईरान युद्ध के बीच अमेरिका ने खाड़ी देशों के अपने प्रमुख सहयोगियों को 6.8 अरब डॉलर से ज्यादा के सैन्य उपकरणों को बेचने की मंजूरी दे दी है। इन हथियारों में आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम, सटीक मारक क्षमता वाले हथियार और युद्धक्षेत्र के कमांड इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं। पहले कई रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि ट्रंप प्रशासन खाड़ी देशों को एयर डिफेंस सिस्टम के इंटरसेप्टर्स बेचने के मामले में अड़ंगा लगा रहा है। ईरान के मिसाइल हमलों को रोकने के लिए खाड़ी देश अमेरिका से मिसाइल इंटरसेप्टर्स के साथ साथ कई और हथियार खरीदने की कोशिश कर रहे थे जिसे अब मंजूरी दी गई है।
अमेरिकी विदेश विभाग ने शुक्रवार को इन मंजूरियों की घोषणा की है। इनमें इजरायल, कतर, कुवैत और संयुक्त अरब अमीरात के साथ हुए बड़े सौदे शामिल हैं। हथियारों की बिक्री को मंजूरी तब मिली जब अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने तत्काल राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति से जुड़ी चिंताओं का हवाला देते हुए कांग्रेस की समीक्षा प्रक्रिया को दरकिनार करने के लिए आपातकालीन प्रावधानों का इस्तेमाल किया।
US ने खाड़ी के सहयोगी देशों को हथियार बेचने की मंजूरी दी
कतर को पैट्रियट शील्ड और सटीक मारक क्षमता- रिपोर्ट के मुताबिक इस पैकेज का सबसे बड़ा हिस्सा कतर के साथ 4.01 अरब डॉलर का एक सौदा है जो पैट्रियट हवाई और मिसाइल रक्षा प्रणाली की भरपाई के लिए है। इसमें 200 PAC-2 मिसाइलें और 300 PAC-3 मिसाइल सेगमेंट के अपग्रेड शामिल हैं। इसके साथ ही सपोर्ट सिस्टम और लॉजिस्टिक्स भी हैं। इसके अलावा कतर को 992.4 मिलियन डॉलर मूल्य के एडवांस्ड प्रिसिजन किल वेपन सिस्टम (APKWS) भी मिलेंगे। ये लेजर-गाइडेड हथियार सामान्य रॉकेटों को सटीक मारक क्षमता वाले हथियारों में बदलने के लिए डिजाइन किए गए हैं जिससे लक्ष्य पर निशाना लगाने की सटीकता बढ़ती है।
इजरायल को एडवांस्ड प्रिसिजन किल वेपन सिस्टम- इस हथियार सौदे में इजरायल के लिए अमेरिका ने लगभग एक अरब डॉलर मूल्य के APKWS को मंजूरी दे दी है जिसमें 10,000 गाइडेड रॉकेट सिस्टम और उनसे जुड़े सहायक उपकरण शामिल हैं। अमेरिकी विदेश विभाग ने कहा कि इजरायल ने “दस हजार एडवांस्ड प्रिसिजन किल वेपन सिस्टम-II ऑल अप राउंड खरीदने का अनुरोध किया है।”
कुवैत को इंटीग्रेटेड बैटल कमांड सिस्टम- कुवैत को 2.5 अरब डॉलर का इंटीग्रेटेड बैटल कमांड सिस्टम (IBCS) इस हथियार सौदे के तहत मिलने वाले हैं। यह एक अत्याधुनिक नेटवर्क है जिसे हवाई और मिसाइल रक्षा अभियानों को एकीकृत करने के लिए डिजाइन किया गया है।



