कचहरी से गायब छात्रा की बेरहमी से हत्या: दो साल बाद रामगंगा के गहरे पानी से निकला खौफनाक राज


बरेली। दो साल पहले कचहरी से लापता हुई ला की छात्रा की हत्या कर दी गई थी। किसी को पता न चले इसलिए दो वकीलों ने उसका शव रामगंगा नदी में फेंक दिया गया। मामला जब क्राइम ब्रांच को ट्रांसफर किया गया तो पूरी कहानी खुल गई। क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर इंद्र कुमार ने एक आरोपित अधिवक्ता को गिरफ्तार जेल भेज दिया है। दूसरा आरोपित अधिवक्ता हाई कोर्ट से गिरफ्तारी स्टे ले आया है। इस बीच उसे या तो सरेंडर करना होगा या फिर अग्रिम जमानत लेनी होगी। शाहजहांपुर के खुदागंज थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने सात अगस्त 2023 को कोतवाली में अपनी बेटी की लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें सुभाषनगर के रामचंद्रपुरम निवासी वकील यश साहू और पंचशीलनगर निवासी गौरव कुमार सिंह को नामजद किया गया था। महिला का आरोप था कि इन दोनों अधिवक्ताओं के साथ उनकी बेटी प्रैक्टिस करती थी। महिला का आरोप था कि अधिवक्ता गौरव सिंह के साथ उनकी बेटी का रुपयों के लेनदेन को लेकर विवाद था।
आरोप था कि पांच अगस्त, 2023 को उनकी बेटी को गौरव सिंह और उसके साथ यश ने बेटी को रुपयों का हिसाब फाइनल करने कचहरी पर बुलाया था। इसके बाद उसे उनकी बेटी से उनका कोई संपर्क नहीं हो सका। मामले में जब काफी दिनों तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी तो महिला के अनुरोध पर मामला क्राइम ब्रांच को ट्रांसफर कर दिया गया।
क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर इंद्र कुमार ने सोमवार शाम मुख्य आरोपित गौरव सिंह को गिरफ्तार किया और पूछताछ शुरू कर दी। पूछताछ में कई अहम सुराग सामने आए। आरोपित ने बताया कि छात्रा उनके पीछे शादी के लिए पड़ गई थी। उसने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत की थी इसलिए उसे ठिकाने लगाने की योजना बनाई थी।
पांच अगस्त को उसने यश के साथ मिलकर छात्रा को कचहरी पर बुलाया और कार में बैठाकर रामगंगा की ओर ले गए। आरोपित ने छात्रा का गला दबाकर उसकी हत्या की और शव को रामगंगा नदी में फेंक दिया। पुलिस ने आरोपित गौरव को जेल भेज दिया है।
छात्रा संग गौरव के हो गए थे संबंध
इस मामले में विवेचक ने दोनों आरोपितों के गैर जमानती वारंट जारी कराए थे। जब उन्हें इसकी जानकारी हुई तो आरोपित गौरव हाई कोर्ट से अग्रिम जमानत लेने गया।
मगर पुलिस ने पैरवी कर उनकी याचिका को खारिज करा दिया मगर यश साहू को 24 अप्रैल 2026 से 30 दिन तक गिरफ्तारी का स्टे दिया गया है। इस बीच उसे सरेंडर करना होगा या फिर अग्रिम जमानत करानी होगी।
गौरव की अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर पूछताछ की तो पता चला कि छात्रा के गौरव साहू से शारीरिक संबंध थे। जिससे वह गर्भवती हो गई तो गौरव ने ही उसका गर्भपात कराया था। उसका एडमिशन और बैंक खाता भी उसी ने खुलवाया जिससे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ती चली गईं।
छात्रा ने की थी मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत
पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि, छात्रा से संपर्क के बाद उसने उसे ला कालेज में एडमिशन दिलाया, कंप्यूटर कोचिंग कराई और पीएसजे की भी कोचिंग कराई थी। क्योंकि गौरव ने झांसा दिया था कि वह उन्हें जज बनाएगा। मगर 2023 में गौरव की शादी हो गई तो छात्रा ने विरोध किया।
जब गौरव ने दूरियां बनाना शुरू किया तो छात्रा ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत कर दोनों के रिश्ते को उजागर कर दिया। जिससे पति-पत्नी में विवाद होने लगा। इसी कारण से गौरव ने छात्रा को ठिकाने लगाने की योजना बना ली थी और पांच अगस्त को बुलाकर उसकी गला दबाकर हत्या कर दी।



