तथा कथित राज नेता द्वारा आपूर्ति निगम के वरदाना टेंडर मे वित्तीय अनियमित्ता का आरोप निराधार – कर्मचारियों मे भारी असंतोष आंदोलन की चेतावनी
अर्द्ध शासकीय अधिकारी कर्मचारी सार्वजनिक उपक्रम संघ के प्रांताध्यक्ष अरुण वर्मा एवं सेमी गवरमेंट एम्प्लाइज फेडरेशन के संयोजक अनिल बाजपेई तथा आपूर्ति निगम कर्मचारी संघ के महामंत्री संतोष मिश्रा ने तथा कथित राजनेता द्वारा आपूर्ति निगम वरदाना टेंडर वित्तीय अनियमितता के आरोप को निराधार बताते हुए कहा कि कुछ लोग द्वारा आपूर्ति निगम को बदनाम किया जा रहा है जिसकी वजह से आपूर्ति निगम के कर्मचारियों मे भारीअसंतोष व्याप्त है नेताओं ने संयुक्त बयान मे बताया कि एम पी स्टेट सिविल सप्लाइज करपोरेशन मे गेहूँ खरीदी के दौरान वरदाना कमी के कारण पुराना वरदाना खरीदने के लिए दो बार टेंडर आमंत्रित किया गया जिसमे प्रथम बार निविदा मे रुपये 37.49 प्रति नग वरदाना खरीदने के लिए निविदा पारित की गई जिसे मान्य नही किया गया निर्देशित किया गया कि पुन: निविदा आमंत्रित की जाये निर्देशानुसार द्वितीय निविदा आमंत्रित की गई जिसमे रुपये 37.20 प्रति नग वरदाना खरीदने की स्वीकृति प्रदान की गई है. दूसरी ओर तथा कथित राज नेता का आरोप है पुराना वरदाना खरीदी के लिए रुपये 54.20 प्रति नग वरदाना खरीदने की निविदा पारित कर आपूर्ति निगम मे वित्तीय अनियनित्ता की जा रही है जिसमे भ्रष्टाचार की संभावना है जो कि निराधार असत्य है कुछ लोगों द्वारा आपूर्ति निगम को बदनाम करने की यह एक साजिस है जिसकी वजह से आपूर्ति निगम के कर्मचारियो मे आक्रोश व्याप्त है
अत: निगम मंडल के वरिष्ठ कर्मचारी नेता अरुण वर्मा अनिल बाजपेई संतोष मिश्रा ओ पी सोनी श्याम सुन्दर शर्मा हतिम अली चेतावनी दी है कि बिना सबूत के मनगढ़नत आरोप नही लगाया जाये वरना उस नेता के विरुद्ध धरना प्रदर्शन किया जायेगा.



