सिंधी गरबा के अंतिम दिन संस्कृति के महासंगम का भव्य समापन
गरबा ग्राउंड पर छाया जबरदस्त उत्साह, डीजे राउंड के साथ मिला पार्टीसिपेंट्स को शानदार फेयरवेल

भोपाल। रविवार को सांस्कृतिक सिंधी गरबे का समापन हो गया, परंतु इस दिन सुंदरवन में ऐसी भीड़ उमड़ी, मानो भोपाल के सिंधी समाज के लोग इस सिंधी गरबे के उत्साह को मिस नहीं करना चाह रहे हो, अंतिम दिन को लेकर लोगो में इतना उत्साह था कि गरबा सर्कल फुल होने के कारण गरबा प्रेमियों को जहाँ जगह मिली वहाँ अपने ग्रुप के साथ ताल से ताल मिलाते दिखाई दे रहे थे। अंतिम दिन होने के कारण गरबा ग्राउंड में सिंधी समाज के हजारों लोग ने गरबा खेला और सिंधी सोंग्स और बॉलीवुड के गरबा स्पेशल गीतों पर डांस कर खूब एंजॉय किया। सांस्कृतिक गरबे के अंतिम दिन ऐसी झलक देखने को मिल रही थी मानो सिंधी सांस्कृतिक का पूरा प्रतिबिंम्ब एक ही आंगन में उतर आया हो, किसी ने भगवान झूलेलाल का अवतार धारण किया था, तो किसी ने माँ दुर्गा की आराधना का मुकुट धारण कर उपासना करता हुआ दिखाई दे रहा था, रविवार की सुबह को अंतिम दिन होने के कारण पार्टिसिपेंट्स के खूब मस्ती की और अगले वर्ष फिर वही ऊर्जा और उत्साह के साथ फिर मिलने का वादा किया और कैमरे में अपनी तस्वीर को क़ैद कर इस उत्सव से विदाई ली।
गरबे में डीजे के फ्री राउंड में जमकर थिरके युवा
देर रात मंच से जब डीजे की धुन पर फ्री राउंड की घोषणा हुई, तो युवाओं का उत्साह देखने लायक था। ढोल-ताशों और पारंपरिक गीतों के साथ शुरू हुए गरबा उत्सव का यह हिस्सा युवाओं के लिए सबसे बड़ा आकर्षण बन गया, पल भर में ही गरबी के दोनों सर्कल पूरी तरह से युवाओं से भर गए, जिसको जहाँ जगह मिली वही उसने डीजे की तेज बीट्स और सिंधी गीतों पर युवा और युवतियां झूम उठे। इस दौरान सिंधी मेला समिति के अध्यक्ष मनीष दरयानी महासचिव नरेश तलरेजा ने अंत में प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े सभी प्रायोजकों, मीडिया सहयोगियों और दिन-रात मेहनत करने वाले मेला समिति के सभी सदस्यों का हृदय से धन्यवाद ज्ञापित किया।




