

तेहरान में कथित हवाई हमलों के बाद कई तेल डिपो और ईंधन भंडारण सुविधाओं में भीषण आग लग गई। विस्फोटों के कारण पेट्रोलियम से भरे टैंक और पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गए, जिससे बड़ी मात्रा में तेल बहकर बाहर आ गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विस्फोटों के बाद आसमान में ऊंची आग की लपटें और काला धुआं दिखाई दिया, जो शहर के कई हिस्सों में फैल गया।
रिपोर्टों के मुताबिक, क्षतिग्रस्त टैंकों और पाइपलाइनों से निकला तेल सड़कों, नालियों और सीवर सिस्टम में बह गया।जब इस ईंधन में आग लगी तो यह जलते हुए तेल की धाराओं में बदल गया, जो सड़कों और भूमिगत सुरंगों में फैलने लगा।स्थानीय लोगों ने बताया कि कई जगहों पर नालियों और ड्रेनेज से अचानक आग की लपटें निकलने लगीं, जिससे शहर के अलग-अलग हिस्सों में एक साथ आग दिखाई देने लगी। कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने इस दृश्य को “आग की नदी” जैसा बताया। फायर ब्रिगेड और आपातकालीन टीमें आग बुझाने की कोशिश कर रही हैं, लेकिन तेल के फैलने और लगातार जलने के कारण आग पर काबू पाना मुश्किल हो रहा है।


